‘पसमान्दा मुस्लिम समाज’ का राग भाजपा व आरएसएस का नया शिगुफा: मायावती

हाइलाइट्स:

‘पसमान्दा मुस्लिम समाज’ का राग भाजपा का नया शिगुफा
मुस्लिम समाज का पसमान्दा बने रहा अति दुखद व दुर्भाग्यपूर्ण
बीएसपी शासन मे ही जान-माल-मजहब की सुरक्षा व न्याय की गारंटी

बहुजन समाज पार्टी की नेशनल प्रेसीडेंट बहन कुमारी मायावती जी ने भाजपा और आरएसएस पर जमकर निशाना साधा है. उन्होने भाजपा द्वारा “पसमान्दा मुस्लिम समाज” का इस्तेमाल करने को नया शिगुफा करार दिया है. आज सवेरे ही बसपा सुप्रीमो ने ट्वीटकर यह बात कही है.

मायावती ने कहा, “अपने केवल संकीर्ण राजनीतिक स्वार्थ की खातिर ‘पसमान्दा मुस्लिम समाज’ का राग भाजपा व आरएसएस का अब नया शिगुफा, जबकि मुस्लिम समाज पहले मुसलमान हैं तथा उनके प्रति इनकी सोच, नीयत, नीति एवं उनका ट्रैक रिकार्ड क्या व कैसा है यह किसी से भी छिपा नहीं.”

बसपा सुप्रीमो सिर्फ यहीं नही रुकी. उन्होन कांग्रेस राज में मुस्लिमों के साथ हुए भेदभाव का भी खुलासा किया और कहा, “भाजपा की मुस्लिम समाज के प्रति निगेटिव सोच का परिणाम है कि इनकी सरकार में भी वे लगभग उतने ही गरीब, पिछड़े, त्रस्त एवं जान-माल-मजहब के मामलों में असुरक्षित हैं जितने वे कांग्रेसी राज में थे. मुस्लिम समाज का, दलितों की तरह पसमान्दा व उपेक्षित बने रहना अति दुखद व दुर्भाग्यपूर्ण.”

इसके बाद मायावती ने बसपा शासन के दौरान मुस्लिम समाज के साथ सर्व समाज को दी गई सहुलियतों और सुरक्षा का ध्यान कराया.

उन्होने आगे कहा, “जबकि बीएसपी की यूपी में चार बार रही सरकार में सर्वसमाज के हित-कल्याण व सुरक्षा-सम्मान के साथ-साथ हमेशा उपेक्षित रहे दलित, पिछड़ा एवं अक्लियत समाज के लोगों के जान-माल-मजहब आदि की सुरक्षा तथा न्याय की गारण्टी यहाँ पहली बार कानून द्वारा कानून का राज स्थापित करके सुनिश्चित की गई.”

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