देश के संसाधनों पर पहला हक सिर्फ बहुजन समाज का: आकाश आनंद

बसपा के नेशनल कॉर्डिनेटर आकाश आनंद ने विभिन्न शैक्षिक संस्थानों में हो रही जातीय भेदभाव को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होने कहा, “…हमारे समाज की शैक्षणिक तरक्की जिन मनुवादी मानसिकता वालों को पसंद नही आ रही है मैं उनको साफ कह रहा हूँ आप देश का नुकसान कर रहे हैं… इस देश और इसके संसाधन पर पहला हक सिर्फ और सिर्फ बहुजन समाज का है.”

आकाश आनंद ने कड़े शब्दों में मनुवादीयों की क्लास लगाई और उन्हे खूब खरी-खोटी सुनाई. उन्होने अपने वक्तव्य में कहा, “IIT दिल्ली की घटना के बारे में जानकर मन बेहद दुखी हो गया है. 21 साल के अनिल कुमार देश के भविष्य थे, लेकिन जातिवादी ताकतों ने उनकी जाल ले ली.”

उन्होने अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए कहा, “आज पूरे देश में लगभग हर दिन हमारे समाज को शारीरिक और मानसिक तौर पर जुल्म और ज्यादती झेलनी पड़ रही है. खासतौर से शिक्षण संस्थानों में जाति-आधारित भेदभाव लगातार बढ़ता जा रहा है. हाल में IIT बॉम्बे, IIT दिल्ली, IIT मद्रास और IIT खड़गपुर से कई मामले सामने आए, जिसमें कुछ छात्रों को अपनी जान से भी हाथ धोना पड़ गया. छात्र तो छात्र दिल्ली विश्व विद्यालय की प्रोफेसर डॉ रितू सिंह जैसे शिक्षकों को भी लगातार जातिवादी प्रताड़ना से जूझना पड़ रहा है.”

मनुवाद को देश के लिए नुकसान बताते हुए उन्होने आगे जोड़ा, “हमारे समाज की शैक्षणिक तरक्की जिन मनुवादी मानसिकता वालों को पसंद नहीं आ रही है मैं उनको साफ कह रहा हूँ आप देश का नुकसान कर रहे हैं. आपकी नीयत करोड़ों युवाओं का भविष्य बिगाड़ रही है.”

“इस देश और इसके संसाधनों पर पहला हक सिर्फ और सिर्फ बहुजन समाज का है. और सिर्फ बहुजन समाज ही इस देश का भला कर सकता है. मैं और मेरे जैसे करोड़ों युवा आज बेहद दुखी हैं और हम इसका कड़ा जवाब देंगे.”

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