लोकसभा चुनाव में अच्छा रिजल्ट ही मान्यवर साहेब को सच्ची श्रद्धांजलि होगी: मायावती

कांशीराम जयंति: बसपा सुप्रीमो मायावती बहनजी ने बहुजन नायक और बसपा के संस्थापक मान्यवर साहेब कांशीराम जी की जयंति के मौके पर खास संदेश दिया है. और उन्होने उनके जन्मदिवस के तोहफे के रूप में उनके अनुयाईयों से एक खास चीज की मांग भी कर डाली है.

क्या है वह मांग और क्या तोहफा मांगा है बहनजी ने मान्यवर साहेब के जन्मदिवस पर?

चलिए, जानते हैं.

बहन मायावती ने बसपा के संस्थापक और अपने राजनीतिक गुरु मान्यवर साहेब कांशीराम जी के जन्मदिवस के मौके पर उनको याद करते हुए कहा है:

परमपूज्य बाबासाहेब डॉ भीमराव अम्बेड़कर के परिनिर्वाण के बाद लंबे समय तक तिरस्कृत व बिखरे पड़े उनके आत्म-सम्मान व स्वाभिमान कारवाँ को देश की राजनीति में नई मजबूती व बुलन्दी देने का युगपरिवर्तनीय कार्य करने वाले मान्यवर श्री कांशीराम जी को 90वें जन्मदिन पर अपार श्रद्धा-सुमन.

बहुजन समाज के लिए किए गए उनके अविस्मरणीय योगदान को बयां करते हुए मायावती बहनजी ने आगे कहा,

…बामसेफ, डीएस4 व बहुजन समाज पार्टी की स्थापना कर उसके अनवरत संघर्ष के जरिए यूपी में सत्ता की मास्टर चाबी प्राप्त करके ‘बह्जन समाज’ हेतु ‘सामाजिक परिवर्तन व आर्थिक तरक्की’ का जो मिशनरी लक्ष्य उन्होने प्राप्त किया वह ऐतिहासिक एवं अतुलनीय, जिसके लिए वे बहुजन नायक बने व अमर हो गए…

मायावती बहनजी ने अपने समर्थकों और पार्टी कार्यकर्ताओं से खास अपील करते हुए मान्यवर साहेब के लिए विशेष तोहफा की मांग करते हुए आगे कहा,

…उनकी विरासत, संघर्ष व कारवाँ को पूरे तन, मन, धन के सहयोग से आगे बढ़ाने का संकल्प जारी रखते हुए बीएसपी को अब यहाँ हो रहे लोकसभा आमचुनाव में अच्छी रिजल्ट दिलाना उनको सच्ची श्रद्धांजलि होगी, जो समतामूलक समाज की स्थापना व महंगाई, गरीबी, बेरोजगारी आदि के विरुद्ध भी योगदान होगा.

बहनजी ने अच्छा चुनाव परिणाम का तोहफा क्यों मांगा?

देश में जल्द ही लोकसभा आमचुनाव होने वाले है और देश की सत्ता पर एक नया व्यक्ति, नई पार्टी, नई विचारधारा को बैठने का मौका है. इसी बदलाव के रूप में बसपा भी कतार में खड़ी हुई है. बसपा भी इस देश की सत्ता पर काबिज होना चाहता है और गरीबी और असमानता की मार झेल रहे बहुजन समाज को लाचारी भरे जीवन से बाहर निकालकर उसे आत्मनिर्भर बनाना चाहती है.

इसलिए, मायावती बहनजी ने इस बार कांशीराम जयंति के खास मौके पर मान्यवर साहेब के अनुयाई, बसपा के कार्यकर्ता तथा सामाजिक परिवर्तन और आर्थिक तरक्की के मूवमेंट को मानने वाले लोगों से इस बार लोकसभा चुनावों में पार्टी को अच्छा रिजल्ट दिलाने की मांग की है.

और मान्यवर साहेब का सपना भी तभी साकार होगा जब बसपा की सरकार केंद्र में आएगी.

Download Suchak App

खबरें अभी और भी हैं...

मनुवादी सत्ता-चक्र से मुक्ति का स्वर्णिम पथ: बसपा का सामाजिक क्रांति-आह्वान

भारत की राजनीति के विशाल अखाड़े में एक अद्भुत सत्य उभरकर सामने आया है। भाजपा का वोट-बैंक, जैसे कोई प्राचीन हिमालय, अटल और अविचल...

संक्रमण काल: तरुणावस्था की अग्निपरीक्षा और बहुजन आंदोलन का अमर-उदय

जीवन एक नाट्यशाला है, जहाँ प्रत्येक पात्र को अपनी भूमिका निभाते हुए एक निश्चित 'संक्रमण काल' से गुजरना ही पड़ता है। यह काल न...

विविधता बनाम मानसिकता: पूर्वोत्तर और राष्ट्रीय एकता की चुनौती

मालवीय नगर की घटना, नस्लीय पूर्वाग्रह और जातिवादी सोच के संदर्भ में सामाजिक आत्ममंथन भारत विविधताओं का देश है। यहाँ भाषा बदलती है तो...

बसपा की असली जीत—शोषितों का जगा मनोबल है

भारतीय राजनीति के विशाल मंच पर जहाँ पार्टियाँ सत्ता की चकाचौंध में रंग-बिरंगे नृत्य करती दिखती हैं, वहाँ कांग्रेस का वंशानुगत विरासतवाद, भाजपा का...

पराये धन के सहारे नहीं, बहुजन के सहारे चलती है बसपा – बहनजी का अटल स्वाभिमान

बहुजन समाज पार्टी (बसपा) और उसके संस्थापक-मान्यवर श्री कांशीराम साहेब जी तथा बहनजी द्वारा स्थापित बहुजन आंदोलन की मूल विचारधारा (आम्बेडकरवाद) आत्मनिर्भरता, मान-सम्मान, स्वाभिमान...

कौन सी BAMCEF? मान्यवर साहेब की असली – या ब्राह्मणवादी वित्त पोषित नकली?

आज बहुजन संगठनों की महामारी में, जब बहुजन समाज के कानों में 'बामसेफ' का नाम गूँजता है, तो हृदय में एक अनिवार्य प्रश्न उदित...

न बिकने वाला बहुजन: मान्यवर साहेब का अमर मंत्र, बसपा का अटल संकल्प

बहुजन आन्दोलन के महान प्रणेता, मान्यवर श्री कांशीराम साहेब का वह उद्घोष आज भी बहुजन हृदय में गूँजता है—एक ऐसा संदेश जो न केवल...

कठोर पत्थर, अमर संदेश: बहनजी का इतिहास-लेखन

जब इतिहास के पन्नों को मिटाने की साजिशें रची जाती हैं, तब पत्थर बोल उठते हैं। वे पत्थर जो न केवल कठोर होते हैं,...

चमारों की चेतना: आग से राख, राख से सिंहासन

'चमारों की इतनी जुर्रत!चमार राजनीति करेगा!चमार भाषण सुनाएगा!चमार देश चलाएगा!यह कैसा कलियुग आ गया!' यह बात 1980 के मध्य दशक की है। बहुजन समाज पार्टी...

डीग में बसपा का संगठन समीक्षा एवं प्रशिक्षण शिविर, राजस्थान में मजबूती का संकल्प

डीग (भरतपुर), 30 सितंबर 2025 — बहुजन समाज पार्टी द्वारा आज विधानसभा स्तरीय संगठन समीक्षा एवं प्रशिक्षण शिविर का आयोजन नगर (डीग) में किया...

बिहार चुनाव 2025: BSP की तैयारी पूरी समीक्षा बैठक में महत्वपूर्ण फैंसलें

बिहार चुनाव: आगामी कुछ महीनों में होने वाले बिहार विधानसभा चुनाव 2025 को लेकर बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) ने चुनावी रणनीति को अंतिम रूप...

कर्नाटक में दलित आरक्षण का 6:6:5 फॉर्मूला तय; जानिए किसे कितना मिला आरक्षण?

बेंगलुरु: कर्नाटक की कांग्रेस सरकार ने मंगलवार रात लंबी कैबिनेट बैठक में अनुसूचित जाति (एससी) के लिए 17% आरक्षण को तीन हिस्सों में बांटने...