धरना-प्रदर्शन की अनुमति नहीं देना भाजपा सरकार की तानशाही: मायावती

बसपा सुप्रीमो मायावती जी ने आज भाजपा सरकार पर जमकर हमला बोला है. केंद्र और राज्यों की भाजपा सरकार द्वारा आम जनता तथा विपक्ष के साथ किए जा रहे व्यवहार को मायावती जी ने तानाशाही प्रवृति बताया है. आज सवेरे ही उन्होने ट्वीट करके उनके इस कारनामे के बारे में जनता को अवगत कराया है.

उन्होने अपने ट्वीट में कहा, “विपक्षी पार्टियों को सरकार की जनविरोधी नीतियों व उसकी निरंकुशता तथा जुल्म-ज्यादती आदि को लेकर धरना-प्रदर्शन करने की अनुमति नहीं देना भाजपा सरकार की नई तानाशाही प्रवृति हो गई है. साथ ही, बात-बात पर मुकदमे व लोगों की गिरफ्तारी एवं विरोध को कुचलने की बनी सरकारी धारणा अति-घातक.”

साथ में उन्होने योगी सरकार द्वारा इलाहाबाद विवि के छात्रों द्वारा किए जा रहे आंदोलन को कुचलने की भी निंदा की है.

उन्होने अपने दूसरे ट्वीट में कहा, “इसी क्रम में इलाहाबाद विश्वविद्यालय द्वारा फीस में एकमुश्त भारी वृद्धि करने के विरोध में छात्रों के आंदोलन को जिस प्रकार कुचलने का प्रयास जारी है वह अनुचित व निंदनीय. यूपी सरकार अपनी निरंकुशनता को त्याग कर छात्रों की वाजिब माँगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करें. बीएसपी की माँग.”

बता दें बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मायावती जी ने भारतीय जनता पार्टी द्वारा पूर्व में किए गए धरना-प्रदर्शनों द्वारा सड़क जाम आम जनजीवन को ठप करने के इतिहास को भी उजागर किया है.

बकौल मायावती, “महंगाई, गरीबी, बेरोजगारी, बदहाल सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य व कानून व्यवस्था आदि के प्रति यूपी सरकार की लापरवाही के विरुद्ध धरना-प्रदर्शन नहीं करने देने व उन पर दमन चक्र के पहले भाजपा जरूर सोचे कि विधानभवन के सामने बात-बात पर सड़क जाम करके आमजनजीवन ठप करने का उनका क्रूर इतिहास है.”

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