बसपा सुप्रीमो ने की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से शिष्टाचार मुलाकात; दी बधाई

नई दिल्ली: बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष बहन कुमारी मायावती जी ने आज राष्ट्रपति से मुलाकात कर उन्हे बधाई दी. मायावती जी खुद राष्ट्रपति भवन पहुँची और नव-निर्वाचित आदिवासी समाज से आने वाली माननीया द्रौपदी मुर्मू जी को बधाई एवं शुभकामनाएँ दी. बता दें बहुजन समाज पार्टी ने राष्ट्रपति चुनाव में द्रौपदी मुर्मू जी का समर्थन किया था ताकि देश को पहली आदिवासी महिला राष्ट्रपति मिल सके. मायावती जी ने राष्ट्रपति से मिलकर कहा, “देश को उनसे बहुत सारी आशाएं.”

मायावती ने मुलाकात की जानकारी अपने ट्वीटर हैंडल से साझा करते हुए बड़ी बात कही. उन्होने कहा;

“माननीय राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू जी से राष्ट्रपति भवन में आज काफी अच्छी मुलाकात हुई. अनुसूचित जनजाति (एसटी) समाज ताल्लुक रखने वाली देश की पहली महिला राष्ट्रपति बनने पर उनसे मिलकर उन्हे औपचारिक तौर पर बधाई एवं शुभकामनाएँ दी. वे समाज व देश का नाम रोशन करें, यही कामना.”

आगे उन्होने जोड़ा;

“वैसे तो बीएसपी व अन्य पार्टियों ने भी दलगत राजनीति से ऊपर उठकर उन्हे अपना समर्थन दिया और वे भारी मतों से विजयी हुई, किंतु अगर थोड़ा और सही व सार्थक प्रयास किया गया होता तो वे सर्वसम्मति से यह चुनाव जीत कर एक और नया इतिहास जरूर बनाती. देश को उनसे बहुत सारी आशाएं.

इस मुलाकात के बाद सियासत गर्म हो गई है और इसके कई मायने निकाले जा रहे हैं. लेकिन, यह औपचारिक मुलाकात थी. जिस तरह देश की अन्य पार्टीयों के नेता देश के राष्ट्रपति से मुलाकात कर रहे हैं ठीक उसी प्रकार बसपा सुप्रीमो देश की राष्ट्रपति से मिलकर आई है.

Download Suchak App

खबरें अभी और भी हैं...

मनुवादी सत्ता-चक्र से मुक्ति का स्वर्णिम पथ: बसपा का सामाजिक क्रांति-आह्वान

भारत की राजनीति के विशाल अखाड़े में एक अद्भुत सत्य उभरकर सामने आया है। भाजपा का वोट-बैंक, जैसे कोई प्राचीन हिमालय, अटल और अविचल...

संक्रमण काल: तरुणावस्था की अग्निपरीक्षा और बहुजन आंदोलन का अमर-उदय

जीवन एक नाट्यशाला है, जहाँ प्रत्येक पात्र को अपनी भूमिका निभाते हुए एक निश्चित 'संक्रमण काल' से गुजरना ही पड़ता है। यह काल न...

विविधता बनाम मानसिकता: पूर्वोत्तर और राष्ट्रीय एकता की चुनौती

मालवीय नगर की घटना, नस्लीय पूर्वाग्रह और जातिवादी सोच के संदर्भ में सामाजिक आत्ममंथन भारत विविधताओं का देश है। यहाँ भाषा बदलती है तो...

बसपा की असली जीत—शोषितों का जगा मनोबल है

भारतीय राजनीति के विशाल मंच पर जहाँ पार्टियाँ सत्ता की चकाचौंध में रंग-बिरंगे नृत्य करती दिखती हैं, वहाँ कांग्रेस का वंशानुगत विरासतवाद, भाजपा का...

पराये धन के सहारे नहीं, बहुजन के सहारे चलती है बसपा – बहनजी का अटल स्वाभिमान

बहुजन समाज पार्टी (बसपा) और उसके संस्थापक-मान्यवर श्री कांशीराम साहेब जी तथा बहनजी द्वारा स्थापित बहुजन आंदोलन की मूल विचारधारा (आम्बेडकरवाद) आत्मनिर्भरता, मान-सम्मान, स्वाभिमान...

कौन सी BAMCEF? मान्यवर साहेब की असली – या ब्राह्मणवादी वित्त पोषित नकली?

आज बहुजन संगठनों की महामारी में, जब बहुजन समाज के कानों में 'बामसेफ' का नाम गूँजता है, तो हृदय में एक अनिवार्य प्रश्न उदित...

न बिकने वाला बहुजन: मान्यवर साहेब का अमर मंत्र, बसपा का अटल संकल्प

बहुजन आन्दोलन के महान प्रणेता, मान्यवर श्री कांशीराम साहेब का वह उद्घोष आज भी बहुजन हृदय में गूँजता है—एक ऐसा संदेश जो न केवल...

कठोर पत्थर, अमर संदेश: बहनजी का इतिहास-लेखन

जब इतिहास के पन्नों को मिटाने की साजिशें रची जाती हैं, तब पत्थर बोल उठते हैं। वे पत्थर जो न केवल कठोर होते हैं,...

चमारों की चेतना: आग से राख, राख से सिंहासन

'चमारों की इतनी जुर्रत!चमार राजनीति करेगा!चमार भाषण सुनाएगा!चमार देश चलाएगा!यह कैसा कलियुग आ गया!' यह बात 1980 के मध्य दशक की है। बहुजन समाज पार्टी...

डीग में बसपा का संगठन समीक्षा एवं प्रशिक्षण शिविर, राजस्थान में मजबूती का संकल्प

डीग (भरतपुर), 30 सितंबर 2025 — बहुजन समाज पार्टी द्वारा आज विधानसभा स्तरीय संगठन समीक्षा एवं प्रशिक्षण शिविर का आयोजन नगर (डीग) में किया...

बिहार चुनाव 2025: BSP की तैयारी पूरी समीक्षा बैठक में महत्वपूर्ण फैंसलें

बिहार चुनाव: आगामी कुछ महीनों में होने वाले बिहार विधानसभा चुनाव 2025 को लेकर बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) ने चुनावी रणनीति को अंतिम रूप...

कर्नाटक में दलित आरक्षण का 6:6:5 फॉर्मूला तय; जानिए किसे कितना मिला आरक्षण?

बेंगलुरु: कर्नाटक की कांग्रेस सरकार ने मंगलवार रात लंबी कैबिनेट बैठक में अनुसूचित जाति (एससी) के लिए 17% आरक्षण को तीन हिस्सों में बांटने...